सलोनी धीरे धीरे अपने जिसम को पीछे की तरफ धकेलते अपनी गांड का दवाब राहुल के लंड पर डालती है. राहुल एक पल के लिए उस दवाब के कारन पीछे को होने लगता है मगर फिर वो अपने पांव पूरी मज़बूती से ज़मीन पर जमा देता है. अपनी मम्मी के लिए वो इतना तोह वो कर ही सकता था सलोनी दवाब बढ़ाने लगती है.
गांड के छेद पर लंड का सुपडा अड्ने लगता है.
ठोढ़ सा और दवाब देते ही सुपडा छेद को फैलाने लगता है.
सलोनी बिलकुल बदन को हिलाये बिना आराम आराम से अपनी गांड को लंड पर दबा रही थी.
अगर वो या राहुल ज़रा भी हिलते तोह तेल से चिकना लंड ऊपर या निचे को फ़िसल जाता
. मगर सलोनी और बेटा दोनों इस बात को जानते थे और ऐसा होने से रोक्ने के लिए अपनी पूरी कोशिश कर रहे थे.
राहुल का लंड सलोनी की टाइट गांड के लिए कुछ ज्यादा ही मोटा साबित हो रहा था.
मगर तेल का कमाल था के वो धीरे धीरे गांड के टाइट छेद को फ़ैलाता अंदर घुस रहा था.
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सलोनी अपने होंठ भींचे उस मोठे लंड की चुभन को बर्दाशत करती अपनी गांड दबाती जाती है.
टाँगे इस हद्द तक्क चौड़ी करने और हाथों से छेद को खोलने के कारन सुपडा अब छेद में आधे रस्ते तक्क पहुँच कर फंस गया था.
अब लंड फ़िसल नहीं सकता था.
सलोनी एक गहरी सांस लेती है और अपनी गांड पीछे की और से दबाती है.
तेल की चिकनाई अपना कमाल दीखाती है.
सुपडा पुक्क की आवाज़ के साथ गांड में घुस जाता है.
“ओहह सलोनी ओह्ह मा………..हाए………हाए………” सलोनी अपने नितम्बो से हाथ हटा बेड की चादर को मुठियों में भींच लेती है.
“उन उन आह आह ….” राहुल भी होंठ भींचे अपनी सिसकियाँ रोकने का प्रयत्न करता है.
कुछ देर रुकने के बाद सलोनी देखती है कि राहुल कुछ नही कर रहा है तो वह ग़ुस्सा होती है
और केहति है कि “अब कर ना चुप क्यों खड़ा है” पर राहुल अपना सर नीचे कर खड़ा रहता है
सलोनी उसे केहति है “क्या हुआ”?
राहुल कहता है “चिट्टी में आपने कुछ करने को नही कहा था,
“सिर्फ आप क्या करेगी वह लिखा था”
न जाने किस शक्ति के वशीभूत राहुल इतना कह गया सलोनी हक्की बक्की रह गई
वह सोच भी नही सकती थी कि उसका बेटा ऐसा भी कह सकता है
वह भी ऐसे वक्त जब उसके लंड का टोपा उसकी माँ के गांड में था सलोनो शांति से पूछती है
कि तुम मुझसे क्या चाहते हो राहुल कहता है
“आपने जो मेरे साथ किया क्या आपको जरा भी पछतावा नही है”
सलोनो सोच में पड़ जाती है राहुल सही तो कह रहा था वह खुद के बारे में सोच रही थी
राहुल के बारे में तो उसने सोचा ही नही सलोनो कहती है “मुझे माफ़ कर दे बेटा मैं तो सिर्फ मजाक कर रही थी,
“मुझे नही लगा कि तुम ऐसा रिएक्ट करोगे वार्ना मैं ऐसा कभी नही कहती”
राहुल सलोनी की बाते सुनकर बहुत शर्मिंदा होता है कि
उसकी मम्मी को उसके सामने माफी मांगनी पड़ी ऐसा वह भी चाहता था
पर इसतरह नही सलोनी कहति है “अब और क्या चाहिए” राहुल शर्माकर कहता है
“मोम..आप अपने आप ही पीछे आ जाओ..में करूँगा तो दर्द होगा.??
और सलोनी धीरे धीरे आगे पीछे अपने आप होने लगी और लंड गांड में घूसने लगा..
फिर राहुल ने सलोनी की कमर को पकड़ा और सलोनी को अपने ऊपर उठा लिया
और निचे आ गया..जिसे सलोनी की गांड में राहुल के लंड को जाने में मुश्कक़िल न हो..
तो सलोनी भी राहुल के ऊपर आ के अपने आप ऊपर निचे होने लगी??
और यह??.यह??..प्लीज्????.करने लगी और अब राहुल भी सलोनी को हलके हलके चोदने लगा
और सलोनी का दर्द अब बढ्ने लगा..
फिर राहुलने अपनी नार्मल स्पीड पे चोदना स्टार्ट किया और
सलोनी का दर्द तेज़ हो गया तो सलोनी रुक गई..
और जैसे की जलन हो रही हो ऐसे फ़ूंक मारने लगी..
ओह फू वह फु ??????.यह?? और सलोनी रुक गई.
फिर राहुलने सलोनी को उलटा लिटा दिया..
राहुल का पूरा लंड सलोनी की गांड में चला गया था.
सलोनी की आँखों से फिर से आँसु आ गए थे..राहुल भी सलोनी के ऊपर उलटा लेट गया
और सलोनी का फेस टर्न कर के सलोनी को किस करने लगा..
लंड सलोनी की गांड में ले के आराम से रख के सलोनी को किस कर रहा था
और फिर राहुलने धीरे धीरे अपने लंड से सलोनी को चोदना स्टार्ट किया
और सलोनी के मम्मो को हाथों से दबा के सलोनी की निप्पल्स को मसलने लगा..
जिसेसे सलोनी को अब दर्द तो हो रहा था पर महसूस नहीं हो रहा था
अब राहुल सलोनी को धीरे धीरे जोर से स्ट्रोक्स देणे लगा
और सलोनी को नार्मल जैसे चुत में चोद रहा हो ऐसे सलोनी को चोदने लगा
और सलोनी का हाथ ले के उसे सलोनी की चुत को मसलने लगा??
सलोनी के हाथ को पकड़ के राहुल मसल रहा था और चाहता था
की सलोनी फिर से झड जाए..और इधर राहुल ताक़तवर स्ट्रोक्स लगा रहा था?
सलोनी और राहुल फिर से तेज़ी से सांस ले रहे थे..
जब किस नहीं हो रहा था और सलोनी का किस टूटते ही सलोनी की आआआहहह??.
यह??ऑफ़??फिर से स्टार्ट हो गया पर अब की बार वो धीरे कर रही थी..
क्यों कि राहुल सलोनी को चुत को मसल रहा था.
राहुल भी अब फिर से पसिना पसिना हो गया था..
और अब झड़नेवाला था तो राहुल सलोनी को जोरो से चोदे जा रहा था??..
बिना कुछ सोचे की सलोनी की गांड की क्या हालत होगी.
.जब उसे लगा की में अब झड़नेवाला हूँ तो राहुलने सलोनी का हाथ छोड़ा
और सलोनी के ग-स्पॉट को पकड़ के सलोनी के ग-स्पॉट को सहलाने लगा
और सलोनी अब प्लेयजर के मारे अपनि चुत में ऊँगली तेज़ी से करने लगी
और राहुलने सलोनी को स्ट्रोक्स देना स्टार्ट किया और सलोनी की गांड में झड गया??.
मस्त रस का फ़व्वारा निकल रहा था..और में सलोनी के ऊपर लेट गया
और सलोनी भी अब झड़ने वाली थी और
सलोनी की चुत से भी फ़व्वारा निकला और सलोनी की गांड से राहुल का रस निकल के सलोनी की चुत से निकलते रस में मिल गया
और राहुल सलोनी के ऊपर से हट के हाथ खोले लेट गया.
.सलोनी को ज्यादा सॉलिड दर्द हो रहा था..
क्यूँकि वो पलट नहीं रही थी..और राहुलने सलोनी को अभी परेशान करना ठीक नहीं समझा

( बस दोस्तो अब यह कहानी यही समाप्त कर रहा हु अब आगे जो भी लिखूंगा वह रिपीट ही होगा तो यही कहानी समाप्त करता हु ” मैं यह कहानी शुरू से पढ़ रहा था यह मेरी मनपसंद कहानी थी तो मैंने इसे आगे शुरू रखने का प्रयास किया मैं इसमें कितना सफल हुवा यह नही जानता अगर आपको मेरा प्रयास अच्छा लगा हो तो कमेंट जरूर करे )
मेरी तरफ से ( समाप्त )

