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Update 26

उसने अपनी टी शर्ट भी उतार दी, उसे पता था कि ऐसा मौका उसकी जिंदगी में कभी दोबारा नहीं आएगा..
काव्या तो उनके लंड को देखकर निहाल ही हो गयी, उसकी चूत के अंदर एक अजीब तरह कि खुजली होने लगी , पर उसे भी पता था कि अभी के लिए उसे क्या-२ करना है..
काव्या : “शर्माओ मत अंकल , करो आप भी मेरे साथ, हिलाओ इसे , जल्दी – २ , जोर से, कम ओन्न्न ……”
और इसके साथ ही उसकी उँगलियों कि थिरकन और भी तेज होने लगी ..
उसे अब भी विश्वास नहीं हो पा रहा था कि उसके जिगरी दोस्त कि बेटी उसके सामने नंगी होकर बैठी है और मास्टरबेट कर रही है..
उसने भी अपने लंड को आगे पीछे करना शुरू कर दिया, उसका सुपाड़ा स्किन के नीचे छिप जाता और फिर निकल आता, ये देखकर काव्या के अंदर कि मस्ती बढ़ती ही जा रही थी..
दोनों एक दूसरे को देख रहे थे, काव्या कि नजरे लोकेश के लंड पर थी और लोकेश कि नजरें उसकी जूसी पुस्सी पर ।
लोकेश ने देखा कि काव्या कि चूत में से गीलापन निकल कर बाहर रिसने लगा है, जिसे वो अपनी चूत के चेहरे पर मलकर उसे निखार रही थी , लोकेश के लंड से भी प्रीकम निकला, जिसे उसने अपने पूरे लंड पर मलकर उसे चिकना बना लिया, दोनों कि साँसे तेज होने लगी थी , दोनों के अंदर एक तूफ़ान जन्म ले चुका था
और अचानक लोकेश के थरथराते हुए लंड को देखकर काव्या के मुंह से निकला : “ओह्ह्हह्ह्ह्ह अंकल उम्म्म्म्म्म्म्म्म्म्म ”
और उसके साथ ही उसने अपनी दो और उँगलियाँ अपनी चूत में उतार दी, ऐसा सीन और उसकी सेक्सी आवाज लोकेश के लिए बहुत थी, उसके ज्वालामुखी को बाहर निकालने के लिए ….
वो थोडा आगे खिसक आया और एक जोरदार हुंकार के साथ उसके लंड से गर्म -२ दूध निकलकर काव्या के ऊपर गिरने लगा .
वो तो उसकी तपन से जल सी गयी..
ढेर सारा रस नाव पर भी गिरा , जिसे देखकर और महसूस करते हुए काव्या कि उँगलियाँ भी तेज हो उठी और वो बुदबुदाने लगी
”अह्ह्ह्हह्ह्ह उम्म्म्म्म्म्म्म येस्स्स्स अंकल अह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह आई ऍम आल्सो कमिंग ……….””’
और इसके साथ ही उसकी चूत से भी एक गर्म पानी कि बौछार बाहर कि तरफ निकल आयी , और एक बड़ी सी बूँद लोकेश के माल पर भी जाकर गिरी..
काव्या ने गहरी साँसे लेते हुए अपनी ऊँगली से अपने और लोकेश के रस को मिलाया और अपनी ऊँगली में लपेट कर उसे अपने मुंह के अंदर धकेल लिया और एक गहरी सांस लेते हुए उसे चूसने लगी
लोकेश ने तो सोचा भी नहीं था कि उसकी जिंदगी में ऐसा कुछ भी हो सकता है.
वो बेचारा अपनी साँसों पर काबू पाने कि कोशिश करता हुआ काव्या को अपना और उसका खुद का रस चाटते हुए देख रहा था..
उसने अपनी घडी देखि, अभी तो सिर्फ आधा घंटा ही हुआ था, लोकेश ने फिर से चप्पू चलाना शुरू कर दिया
काव्या तो मास्टरबेट करने के बाद वहीँ टावल पर लेट कर अपनी चूत कि परतों को मसल रही थी , उसके सेक्सी बदन को देखकर कब उसके लंड ने दोबारा अकड़ना शुरू कर दिया उसे भी पता नहीं चला
और लोकेश के लंड कि अकड़न काव्या से भी ज्यादा देर तक छुपी ना रह सकी

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