सी चाची-देखो मेरी बात ध्यान से सुनो.
मैं उस लड़के के साथ एक हफ्ते से चुदाई कर रही हू.
म चाची-क्या ? एक हफ्ते से. कहाँ? कैसे?
तुम ये बात अब बता रही हो
सी चाची-पहले मेरी पूरी बात तो सुनो फिर मैं आपके सवालो के जवाब दूँगी.
म चाची-कहो
सी चाची-मैं एक हफ्ते से उस लड़के के साथ चुदाई कर रही हू. उस लड़के का लंड अवी के चाचा से लंबा और मोटा है. वो 30 से 40 मिनिट तक चुदाई करता है. चुदाई करने से पहले चूत भी चाट ता है. आप को क्या बताऊ उस के बारे मे…जितना भी बताऊ उतना कम है
म चाची-क्या सच मे उसका लंड अवी के चाचा से लंबा और मोटा है
सी चाची-हाँ,इतना कि हाथ मे पकड़ भी नही सकते
म चाची-और वो 30 से 40 मिनिट तक करता है.
सी चाची-हाँ,कभी कभी तो 50 मिनट भी लगते है.
म चाची-अपनी चूत को खुजाते हुए चूत भी चूसता है.
सी चाची-ऐसा चूस्ता है कि जितना पानी अवी के चाचा निकालते है उस से कही ज़्यादा वो सिर्फ़ चूत चूस कर निकालता है.
म चाची-और क्या क्या करता है.
सी चाची-पूरे बदन को चाट ता है.दूध ऐसे मसलता है कि लगता है चुचियों मे दूध निकल जाए.
म चाची-अपनी चूत को ज़ोर से मसल्ते हुए और बता उसके बारे मे
सी चाची-उसका लंड अगर एक बार मूह मे लेकर चूसना सुरू किया तो लंड को बाहर निकाल ने का मन नही करता
म चाची-और
सी चाची-उसका लंड अवी के चाचा की तरह काला नही है. पूरा गोरा लंड है और टोपा तो पूरा लाल है. जब मैं ने जीभ से चाटा तो इतना मज़ा आया कि पूछो मत.
म चाची-चूत से पानी निकल गया.अब मुझ से और रुका नही जाएगा. मुझे जल्दी से उस के साथ चुदाई करनी है…मीना कैसे भी कर मुझे जल्दी से उससे चुदवा दे
सी चाची-(तीर निशाने पे लगा. मुझे पता था कि दीदी को चुदाई के बारे मे बता कर मना सकती हू)
आपको पता है मैं कहाँ चुदाई करती थी
म चाची-कहाँ
सी चाची-इसी घर मे
म चाची-क्या बोल रही है तू …. इसी घर मे …क्या सच मे
सी चाची-मैं अवी के चाचा को नींद की गोलिया खिलाकर सुला देती थी. फिर उस लड़के के साथ एक रात मे दो बार चुदाई करती
म चाची-दो बार ….. मुझे मिला देना उस लड़के से…वैसे है कौन वो लड़का
सी चाची-आप उसे जानती हो
म चाची-मैं जानती हू उसे .अब पहेलिया मत बुझा .बता जल्दी कौन है वो
सी चाची- वो और कोई नही बल्कि अवी है
म चाची-क्या… नही ये नही हो सकता..,अवी ऐसा कभी नही करेगा….तू झूठ बोल रही है.
सी चाची-नही मैं सच कह रही हू
म चाची-लेकिन उसे तो हम हमारा बेटा मानते है तूने उसके साथ …. मैं ये सोच भी नही सकती
सी चाची-हम उसे बेटा मानते है तो क्या हुआ. अब पति मान लेंगे..
म चाची-तू क्या कह रही है तुम्हे पता तो है ना
सी चाची-मुझे अवी से ज़्यादा भरोसे का और हमारी मदद करने के लिए कोई ठीक नही लगा…
म चाची-क्या तुझे और कोई नही मिला
सी चाची-मिलेंगे तो हज़ार पर अवी जितना भरोसे का आदमी मिलना मुस्किल है.
म चाची-लेकिन अवी तो बच्चा है
सी चाची-आप उसे बच्चा समझती है. अवी तो असली मर्द बन गया है.
म चाची-असली मर्द मतलब
सी चाची-वो जिस तरह से चुदाई करता है उस तरह से इस गाओं मे कोई भी नही करता होगा
म चाची-लेकिन फिर भी
सी चाची-ये लेकिन वेकीन छोड़ दीजिए. देखो मैं एक हफ्ते से उसके साथ चुदाई कर रही हू .मैं जल्दी ही मा बन जाउन्गि. अब आप को सोचना है क्या आप को मा बन ना है कि नही
म चाची-कुछ सोचते हुए….तुम ने दीदी को बताया
सी चाची-नही बताया. और तुम भी मत बताना .जैसे सही टाइम पर मैं ने आपको बताया है वैसे ही आपकी चुदाई के बाद दीदी को बता दूँगी.
म चाची-ठीक है अगर तुम अवी के साथ चुदाई कर सकती हो तो मैं भी अवी के साथ चुदाई करूँगी.और दीदी को भी नही बताउन्गि. पर
सी चाची-पर क्या
म चाची-मुझे तुम्हारी और अवी की चुदाई देखनी है.
सी चाची-ठीक है आज रात को 11 बजे अवी के कमरे मे देख लेना. और हाँ अंदर मत आना. और ख्याल रखना दीदी को पता नही चलना चाहिए
म चाची-दीदी की चिंता मत करो. दीदी एक बार सो गयी तो सुबह से पहले उनकी नींद नही खुलती.
सी चाची-फिर कल से अवी के साथ चुदाई करने के लिए तय्यार हो जाओ
म चाची-मैं तय्यार हू.
सी चाची-(मैं ने जैसा सोचा था बिल्कुल वैसा ही हुआ. सीमा दीदी तो मान गयी. लेकिन ये सुमन दीदी कभी नही मानेंगी. सुमन दीदी के लिए कुछ सोचना पड़ेगा)

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