मैं और मेरा परिवार – Family Sex Story | Update 44

मैं और मेरा परिवार – Family Sex Story
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सुबह चाची ने मुझे नींद से जगाया. बुआ के घर देर तक सोते रहने की आदत से आज चाची को मुझे जगाना पड़ा.

मैं फ्रेश होकर स्कूल चला गया. स्कूल मे आज बहोत कम स्टूडेंट थे. मैं ने कोमल को पूछा तो उसने बताया कि प्रिन्सिपल सर ने सभी स्टूडेंट को पढ़ाई करने के लिए एग्ज़ॅम तक सारे क्लास बंद किए है. आज जितने भी स्टूडेंट है वो लाइब्ररी मे पढ़ने के लिए स्कूल आए है.

मैं माला को ढूँढने लगा पर वो मुझे कही भी नही दिखाई दी. लगता है माला भी पड़ाई घर पे रहकर कर रही है.

मैं भी कोमल के साथ बैठ कर पढ़ाई करने लगा. पढ़ाई करने के बाद घर चला आया.

जब मैं स्कूल मे था तब घर मे चाची साफ सफाई करने लगी. औरतो की एक आदत है. भले ही घर साफ हो पर बाहर से आने के बाद जब तक खुद घर को साफ ना कर दे तब तक उन्हे चैन नही आता.

हमारे घर मे भी यही चल रहा था. छोटी चाची मेरे कमरे की साफ सफाई करने लगी. .मेरा कमरा रति ने साफ नही किया था. मैं ने रति को रोका था. क्यू कि मेडम की किताब मेरे बेड के नीचे रखी थी. मैं नही चाहता था कि रति वो किताब देख ले.

छोटी चाची मेरे कमरे को साफ करने मे लग गयी.चाची को टेबल के नीचे खाने का डब्बा मिला .ये वही डब्बा है जो वो लड़का लेकर आता था और मैं अपने कमरे मे बैठ कर ख़ाता था.

छोटी चाची ने डब्बे को देख कर उसी जगह पर रख दिया. फिर छोटी चाची बेड को साफ करने लगी. जैसे ही छोटी चाची ने गद्दे को बेड के उपर से हटाया उनकी नज़र किताब पर पड़ी.

किताब के दो तीन पन्ने गद्दे के कारण मूड गये थे जिससे किताब के कुछ पिक्चर दिख रहे थे.

छोटी चाची ने किताब उठा ली. और एक एक पन्ने पलट कर देखने लगी. छोटी चाची ने सोचा शायद इसी किताब को देख कर उस दिन मैं बाथरूम मे लंड हिला रहा था.

किताब के पन्ने पलट ते समय किताब मे रखा हुआ एक पेज नीचे गिर गया. छोटी चाची ने उस पेज को उठा लिया. वो पढ़ने लगी

(ये वही चिट्ठी है जो मेडम ने लिखी थी. मेडम के कहने के बाद भी मैं ने चिट्ठी को जलाया नही. अब वो चिट्ठी छोटी चाची के हाथो मे थी. हमेशा लोग कहते है अपने से बड़े लोगोकी बात सुना करो. आज मेडम की बात ना सुनने से पता नही आगे जाके मुझे क्या क्या सहना पड़ेगा)

छोटी चाची ने चिट्ठी पढ़ ली. छोटी चाची के चहरे पे खुशी झलक रही थी. चिट्ठी मे चुदाई के बारे मे नही लिखा था पर चिट्ठी पढ़ने से पता चल सकता था कि मैं ने और मेडम ने चुदाई की है.

छोटी चाची ने वो चिट्ठी अपने पास रख ली. और किताब को बेड के नीचे रख दिया . कमरे को साफ करने मे लग गयी.

मैं स्कूल से घर आ गया. खाना खाने के बाद सो गया.

फिर शाम को कोमल के पास चला गया. कुछ देर बाद छोटी चाची भी नेहा बुआ के घर आ गयी.

फिर छोटी चाची मुझे नेहा बुआ के घर से मार्केट मे ले गयी. छोटी चाची मंगला काकी से बाते करने लगी .मैं और रति आँखो ही आँखो मे इशारे करने लगे. मंगला काकी रति की तारीफ सुनकर खुश हो गयी. काकी के खुश होने से मैं और रति भी खुश हो गये.
हमारा रास्ता साफ हो गया था.

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